विद्या विहार करियर प्लस बना सफलता का केंद्र, NSO ओलंपियाड में 21 छात्र बिहार टॉप–100 में

सीमांचल क्षेत्र के लिए गर्व का क्षण है। विज्ञान ओलंपियाड फाउंडेशन (SOF) द्वारा आयोजित प्रतिष्ठित नेशनल साइंस ओलंपियाड (NSO) में विद्या विहार करियर प्लस (VVCP) के छात्रों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए बड़ी उपलब्धि हासिल की है। VVCP के सत्र 2024–26 एवं 2025–27 के कुल 21 छात्रों ने बिहार की टॉप–100 मेरिट सूची में स्थान प्राप्त कर न केवल अपने संस्थान बल्कि पूरे सीमांचल क्षेत्र का नाम रोशन किया है।
यह उपलब्धि इसलिए भी विशेष मानी जा रही है क्योंकि ये सभी छात्र पूर्णिया और सीमांचल के विभिन्न प्रतिष्ठित स्कूलों में अध्ययनरत हैं, जबकि उनकी अकादमिक तैयारी और मार्गदर्शन VVCP द्वारा किया जा रहा है। यह सफलता छात्रों की कड़ी मेहनत, अनुशासन और VVCP की मजबूत एवं परिणामोन्मुख शिक्षण प्रणाली का प्रत्यक्ष प्रमाण है।
बिहार टॉप–100 में चयनित VVCP छात्र एवं उनके विद्यालय इस प्रकार हैं:
विद्या विहार रेजिडेंशियल स्कूल (VVRS):
सानिया, सोनाली, सुशांत शेखर, सृष्टि सुहानी, साक्षी आनंद, गुलनाज़ परवीन
मिल्लिया कॉन्वेंट इंग्लिश स्कूल, पूर्णिया:
मो. फहीम अकरम, श्रेया भारती, प्रिंस कुमार साह, आराध्या कुमारी, सक्षम कुमार
सूर्य नारायण सिंह यादव कॉलेज, पूर्णिया:
क्षमा प्रिया
माउंट ज़ायन स्कूल, पूर्णिया:
वंश, प्रिया कुमारी (बैच 2024–26 एवं 2025–27)
प्रोजेक्ट गर्ल्स हाई स्कूल, रूपौली:
मौसम कुमारी
ब्राइट करियर स्कूल, पूर्णिया:
सृष्टि सिंह, प्रियंका कुमारी
इंडियन पब्लिक स्कूल:
मोहम्मद हमीद
राजकीय कन्या उच्च विद्यालय, पूर्णिया:
बबली कुमारी
जीकेपी हाई स्कूल, पूर्णिया:
फरहान
इस उपलब्धि पर छात्रों को बधाई देते हुए विद्या विहार रेजिडेंशियल स्कूल के सचिव श्री राजेश मिश्रा ने कहा कि यह सफलता छात्रों के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने विद्यार्थियों को अनुशासन और सकारात्मक ऊर्जा के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दी और कहा कि लक्ष्य पर केंद्रित रहने वालों के लिए सफलता स्वयं रास्ता बना लेती है।

वहीं VVCP के निदेशक श्री प्रशांत शंकर ने इस सफलता पर अत्यंत प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि यह परिणाम छात्रों की लगन, अभिभावकों के सहयोग और VVCP के अनुभवी शिक्षकों के निरंतर प्रयासों का संयुक्त फल है। उन्होंने यह भी कहा कि VVCP का उद्देश्य केवल परीक्षा में अच्छे अंक लाना नहीं, बल्कि छात्रों में वैज्ञानिक सोच और मजबूत वैचारिक आधार विकसित करना है।

राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में इस शानदार प्रदर्शन ने यह सिद्ध कर दिया है कि सीमांचल की प्रतिभाएं किसी से कम नहीं हैं। यह उपलब्धि आने वाले समय में क्षेत्र के विद्यार्थियों को नई प्रेरणा देगी और सीमांचल को शिक्षा के मानचित्र पर एक सशक्त पहचान दिलाएगी।
👏 सभी सफल छात्रों को हार्दिक बधाई एवं उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं! 🚀
