सरस्वती शिशु विद्या मंदिर धुर्वा, रांची का CBSE कक्षा 12 परीक्षा परिणाम शत-प्रतिशत

सरस्वती शिशु विद्या मंदिर धुर्वा, रांची ने सीबीएसई कक्षा 12 बोर्ड परीक्षा 2026 में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए शत-प्रतिशत परिणाम हासिल किया है। विद्यालय के विद्यार्थियों ने विज्ञान, वाणिज्य एवं कला संकाय में शानदार अंक प्राप्त कर विद्यालय का गौरव बढ़ाया।
सीबीएसई द्वारा बुधवार, 13 मई 2026 को घोषित परीक्षा परिणाम में विद्यालय के सभी विद्यार्थी सफल रहे। विद्यालय प्रबंधन ने विद्यार्थियों, अभिभावकों एवं आचार्यों की मेहनत को इस सफलता का आधार बताया।
विज्ञान संकाय में शानदार प्रदर्शन
विज्ञान संकाय में कुल 114 विद्यार्थी परीक्षा में सम्मिलित हुए। इसमें बहन समीक्षा ने 97.20 प्रतिशत अंक प्राप्त कर विद्यालय में प्रथम स्थान प्राप्त किया।
द्वितीय स्थान पर भैया अमृत कलश रहे, जिन्होंने 93.00 प्रतिशत अंक प्राप्त किए, जबकि बहन आराध्या राय ने 90.60 प्रतिशत अंक प्राप्त कर तृतीय स्थान हासिल किया।
विशेष उपलब्धि के रूप में बहन समीक्षा ने जीवविज्ञान एवं शारीरिक शिक्षा विषय में शत-प्रतिशत अंक प्राप्त कर विद्यालय का नाम रोशन किया।
वाणिज्य संकाय का परिणाम
वाणिज्य संकाय में कुल 48 विद्यार्थी परीक्षा में शामिल हुए।
इस संकाय में बहन अविष्का सिंह ने 90.80 प्रतिशत अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान प्राप्त किया।
बहन श्रुति डोंगरे ने 85.60 प्रतिशत अंक प्राप्त कर द्वितीय स्थान हासिल किया, जबकि भैया आर्येश पांडेय ने 75.20 प्रतिशत अंक प्राप्त कर तृतीय स्थान प्राप्त किया।
कला संकाय में विद्यार्थियों का उत्कृष्ट प्रदर्शन
कला संकाय (मानविकी) में कुल 18 विद्यार्थी सम्मिलित हुए।
भैया ओम कुमार शर्मा ने 87.00 प्रतिशत अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान प्राप्त किया।
द्वितीय स्थान पर बहन अंजली कुमारी रहीं, जिन्होंने 85.20 प्रतिशत अंक अर्जित किए।
भैया अपूर्व कुमार ने 77.00 प्रतिशत अंक प्राप्त कर तृतीय स्थान हासिल किया।
विद्यालय परिवार में इस शानदार परिणाम को लेकर उत्साह का माहौल है। विद्यार्थियों की सफलता पर शिक्षकों एवं अभिभावकों ने प्रसन्नता व्यक्त की।
प्राचार्य श्री ललन कुमार का संदेश
विद्यालय के प्राचार्य श्री ललन कुमार ने सभी सफल विद्यार्थियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
उन्होंने कहा:
“यह उत्कृष्ट परीक्षाफल विद्यार्थियों, उनके अभिभावकों एवं आचार्यों के निरंतर परिश्रम, अनुशासन और समर्पण का प्रतिफल है। सभी भैया-बहनों ने कठिन मेहनत और लगन से विद्यालय का नाम गौरवान्वित किया है। मैं सभी सफल विद्यार्थियों को हार्दिक शुभकामनाएँ देता हूँ और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करता हूँ।”
